नई दिल्ली: आगामी त्योहारों के दौरान सफाई व्यवस्था बेहतर बनाने के लिए MCD तीन महीने तक 2,500 सफाईकर्मी लगाएगा। महापौर प्रवेश वाही ने गुरुवार को निगम सदन की बैठक के बाद यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सभी पार्षदों को अपने-अपने क्षेत्र में विकास कार्यों के लिए ₹25 लाख दिए जाएंगे।
महापौर की घोषणाओं में त्योहारों के लिए अतिरिक्त सफाईकर्मियों की तैनाती और स्थानीय विकास कार्यों के लिए राशि प्रमुख रही। वाही ने कहा कि सदन में व्यवधान के बावजूद MCD ने जनहित के कई प्रस्ताव पारित किए।
त्योहारों के लिए तीन महीने की सफाई व्यवस्था
वाही के अनुसार, त्योहारों को ध्यान में रखते हुए 2,500 अतिरिक्त सफाईकर्मी तीन महीने के लिए लगाए जाएंगे। सभी पार्षदों को अपने क्षेत्र में विकास कार्य कराने के लिए ₹25 लाख की राशि उपलब्ध कराई जाएगी।
उन्होंने यह भी कहा कि हाल में 1,500 स्वच्छता कर्मचारियों को नियमित किया गया है, जिससे उनका वेतन ₹18,500 से बढ़कर लगभग ₹50,000 प्रतिमाह तक पहुंच गया।
सदन के व्यवहार का मामला अनुशासन समिति को भेजा
महापौर ने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी के पार्षदों ने स्वच्छता और वायु प्रदूषण पर निर्धारित चर्चा में बाधा डाली, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया और कांग्रेस की एक पार्षद पर अभद्र टिप्पणी की।
उन्होंने कहा कि नियमानुसार कार्रवाई के लिए मामला निगम की अनुशासन समिति को भेज दिया गया है। वाही के अनुसार, सदन में वायु प्रदूषण और स्वच्छता पर आधे घंटे की चर्चा तथा त्योहारों की सफाई व्यवस्था से जुड़े निर्णय निर्धारित थे।
वाही ने आप पार्षदों पर जनहित के विषयों पर चर्चा बाधित करने और स्वच्छता कर्मचारियों के हित में किए जा रहे कार्यों का विरोध करने का आरोप लगाया। ये आरोप सदन की बैठक के बाद महापौर ने लगाए।
यमुना परियोजनाएं और गोबर से गैस बनाने का प्रस्ताव
वाही ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उसी सुबह यमुना की सफाई के लिए ₹8,941 करोड़ की परियोजनाओं को हरी झंडी दी है।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 6,600 मीट्रिक टन गोबर से गैस बनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है और इसे सदन की बैठक में पारित किया गया।
महापौर ने कहा कि सदन में मतभेद के बावजूद MCD नागरिक सेवाओं और जनहित को प्राथमिकता देते हुए काम जारी रखेगा।

