नई दिल्ली: जंतर-मंतर के प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल होने जा रहे आम आदमी पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल को शनिवार को लोधी एस्टेट स्थित उनके आवास के बाहर हिरासत में लिया गया। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर हो रहे प्रदर्शन से पहले AAP के सबसे प्रमुख नेता को रोके जाने से दिन के घटनाक्रम में नया मोड़ आया।
दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी ने 10 अक्टूबर 2026 को दोपहर 3:04 बजे जारी एक्स पोस्ट में हिरासत की जानकारी दी और भीड़ के बीच घिरे केजरीवाल का एक छोटा वीडियो साझा किया। उन्होंने आरोप लगाया कि ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग करने पर दिल्ली पुलिस ने केजरीवाल को क्रूर तरीके से हिरासत में लिया।
आतिशी का मूल पोस्ट देखें — October 10, 2026
आतिशी ने मोदी से पूछा सवाल
आतिशी ने अपने पोस्ट में केजरीवाल को दिल्ली का तीन बार मुख्यमंत्री रह चुका नेता बताया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सवाल किया कि ज्ञानेश कुमार को बचाने के लिए कितने लोगों को जेल में डाला जाएगा। हिरासत की वजह और पुलिस के व्यवहार को लेकर यह आतिशी का आरोप और राजनीतिक आलोचना है।
लगभग 20 सेकंड के वीडियो में केजरीवाल भीड़ के बीच दिखाई देते हैं। वर्दीधारी कर्मियों सहित कई लोग उनके बेहद करीब हैं। वीडियो मौके की स्थिति दिखाता है, लेकिन केवल इस दृश्य से हिरासत का कानूनी आधार स्पष्ट नहीं होता।
प्रदर्शन से पहले CJP नेताओं को भी हिरासत में लिया गया
इससे पहले कॉकरोच जनता पार्टी ने कहा था कि दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचने पर संस्थापक अभिजीत दीपके, सौरव दास और आशुतोष रांका को विमान के भीतर से हिरासत में लिया गया। पार्टी ने दीपके का पहले से रिकॉर्ड संदेश जारी कर अजींक्य शिंदे को प्रदर्शन के नेतृत्व की जिम्मेदारी दी।
प्रस्तावित प्रदर्शन मतदाता सूची से जुड़े आरोपों को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग के लिए था। ये आरोप विवादित हैं; चुनाव आयोग राजनीतिक उद्देश्य से मतदाता सूची में हेरफेर के दावों को खारिज कर चुका है।
अनुमति को लेकर पहले से विवाद
दिल्ली पुलिस ने 10 अक्टूबर के प्रदर्शन की अनुमति देने से इनकार किया था। 9 अक्टूबर के पत्र में निर्धारित अवधि से पहले आवेदन नहीं मिलने, पुरानी शर्तों के कथित उल्लंघन तथा कानून-व्यवस्था और यातायात की चिंताओं का उल्लेख था।
आतिशी के पोस्ट में औपचारिक गिरफ्तारी के दस्तावेज, किसी आरोप का विवरण या बाद में रिहाई की जानकारी नहीं दी गई है। केजरीवाल की हिरासत पर पुलिस का स्पष्टीकरण भी इस पोस्ट में शामिल नहीं है।

