नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक शातिर महिला को गिरफ्तार किया है, जिसने पहले से बिके हुए मकानों को दोबारा बेचकर लोअर मिडिल क्लास परिवारों से लाखों रुपये की ठगी की थी। आरोपी महिला, मेहनाज, बीते करीब चार वर्षों से फरार थी और वर्ष 2024 में अदालत द्वारा प्रोक्लेम्ड ऑफेंडर (घोषित अपराधी) घोषित की जा चुकी थी।
गरीब और मजबूर खरीदार थे निशाने पर
पुलिस के अनुसार, मेहनाज खास तौर पर उन लोगों को निशाना बनाती थी जो छोटा सा फ्लैट खरीदने के लिए अपनी पूरी जिंदगी की कमाई जोड़ते हैं, महंगे वकीलों और लंबी कोर्ट-कचहरी की लड़ाई लड़ने में असमर्थ होते हैं। इसी मजबूरी का फायदा उठाकर वह विश्वास का जाल बिछाती और एडवांस रकम लेकर गायब हो जाती थी।
₹16.5 लाख की ठगी का मामला
यह मामला वर्ष 2023 में आदर्श नगर थाना क्षेत्र का है। शिकायतकर्ता से आरोपी ने एक मकान बेचने के नाम पर ₹16.5 लाख की बयाना राशि ली। जांच में सामने आया कि जिस मकान का सौदा किया गया था, वह पहले ही किसी अन्य व्यक्ति को बेचा जा चुका था।
पैसे वापस मांगने पर आरोपी ने संपर्क तोड़ दिया और फोन उठाना बंद कर दिया।
एफआईआर के बाद भी पुलिस से बचती रही
शिकायत के आधार पर धोखाधड़ी और जालसाजी की धाराओं में मामला दर्ज किया गया, लेकिन आरोपी लगातार ठिकाने बदलती रही और पुलिस व अदालत दोनों से बचती रही। इसी के चलते 2024 में अदालत ने उसे घोषित अपराधी करार दिया।
क्राइम ब्रांच की कार्रवाई
मामले की जांच बाद में क्राइम ब्रांच की एंटी बर्गलरी एंड स्पेशल क्राइम यूनिट (ARSC) को सौंपी गई। टेक्निकल सर्विलांस, स्थानीय सूत्रों और खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस ने आरोपी की तलाश तेज की।
6-7 जनवरी की दरमियानी रात सटीक सूचना के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई कर मेहनाज को गिरफ्तार कर लिया।
यह ऑपरेशन इंस्पेक्टर रॉबिन त्यागी और मंगेश त्यागी के नेतृत्व में, एसीपी संजय कुमार नागपाल के मार्गदर्शन में किया गया, जबकि पूरे अभियान की निगरानी डीसीपी संजीव कुमार यादव कर रहे थे।
लूट नहीं, प्रॉपर्टी फ्रॉड का केस
पुलिस ने स्पष्ट किया कि सोशल मीडिया पर कुछ पोस्ट में इस गिरफ्तारी को लूट या स्नैचिंग से जोड़कर बताया गया है, लेकिन यह मामला पूरी तरह प्रॉपर्टी फ्रॉड से संबंधित है।
पूछताछ जारी
फिलहाल आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या उसने इसी तरह अन्य लोगों को भी ठगा है और क्या इस गिरोह में कोई और सहयोगी शामिल है।
दिल्ली पुलिस की अपील
दिल्ली पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि संपत्ति खरीदने से पहले दस्तावेजों की पूरी जांच करें, रजिस्ट्री और स्वामित्व की पुष्टि करें और किसी भी संदिग्ध लेन-देन की जानकारी तुरंत पुलिस को दें।
मामले की जांच जारी है।

