नई दिल्ली: समयपुर बादली पुलिस ने दिल्ली और उत्तर प्रदेश में कथित तौर पर सक्रिय बैटरी चोरी के नेटवर्क की जांच में दो लोगों को गिरफ्तार कर 20 चोरी की लिथियम बैटरियां बरामद की हैं। पुलिस के अनुसार, थाने में दर्ज 14 मामले सुलझाए गए हैं।
पुलिस ने बताया कि मामले में पांच अन्य लोगों को पाबंद किया गया है।
इलेक्ट्रिक स्कूटर से बैटरी चोरी की शिकायत पर जांच
बादली में इलेक्ट्रिक स्कूटर की बैटरी चोरी होने की 30 सितंबर की शिकायत के बाद जांच शुरू हुई। पुलिस के अनुसार, जांचकर्ताओं ने लगभग 50–60 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखकर एक संदिग्ध की पहचान की।
पुलिस ने गिरफ्तार लोगों की पहचान 19 वर्षीय लक्ष्य सिंह और 24 वर्षीय विकास के रूप में की। पुलिस के मुताबिक, तकनीकी विश्लेषण और स्थानीय पूछताछ के बाद लक्ष्य को पकड़ा गया, जबकि आगे की जांच में विकास का पता उत्तर प्रदेश के हाथरस जिले में लगा।
हाथरस से सात और मंडोली से 13 बैटरियां बरामद
पुलिस का आरोप है कि चोरी की बैटरियों से जीपीएस उपकरण हटाकर उन्हें अलग-अलग हिस्सों में खोला जाता था और आनंद विहार आईएसबीटी से बसों के जरिए उत्तर प्रदेश भेजा जाता था। जांचकर्ताओं के अनुसार, भुगतान ऑनलाइन होता था और बैटरियां बिचौलियों के जरिए आगे बेची जाती थीं।
पुलिस ने बताया कि विकास की निशानदेही पर सात बैटरियां बरामद हुईं। दो अन्य लोगों की निशानदेही पर दिल्ली के मंडोली स्थित एक गोदाम से 13 और बैटरियां मिलीं। बरामद बैटरियां अलग-अलग हिस्सों में खोली गई अवस्था में थीं।
पुलिस ने वारदात में कथित तौर पर इस्तेमाल एक स्कूटर और बैटरी चोरी में कथित रूप से इस्तेमाल औजारों वाला एक बैग भी बरामद करने की जानकारी दी।
पूरे नेटवर्क की जांच जारी
पुलिस के अनुसार, चोरी, बैटरियां खोलने, परिवहन और बिक्री की पूरी कड़ी स्थापित करने, अन्य सहयोगियों की पहचान तथा अपराध से हुई कमाई का पता लगाने के लिए जांच जारी है।

