नई दिल्ली: दिल्ली विधानसभा के स्पीकर Vijender Gupta ने नेता प्रतिपक्ष Atishi से जुड़े कथित वीडियो विवाद पर बड़ा फैसला लेते हुए फॉरेंसिक जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि यह मामला पिछले तीन दिनों से लगातार सदन में चर्चा और आपत्तियों का विषय बना हुआ था, जिसे देखते हुए इसे गंभीर और संवेदनशील माना गया है।
स्पीकर विजेंद्र गुप्ता ने मीडिया को बताया कि विवाद के समाधान के लिए सत्तापक्ष और विपक्ष—दोनों के प्रतिनिधियों को अपने कक्ष में बुलाकर चर्चा की गई। इस बैठक के दौरान विपक्ष की ओर से वीडियो क्लिप की फॉरेंसिक जांच कराने का औपचारिक अनुरोध किया गया, जिस पर सत्तारूढ़ दल ने भी सहमति जताई।
इसके बाद सदन के पटल से यह घोषणा की गई कि 15 दिनों के भीतर या यथाशीघ्र फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) द्वारा जांच पूरी कर रिपोर्ट दिल्ली विधानसभा को सौंपी जाएगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए स्पीकर ने इसे विशेषाधिकार समिति (Privileges Committee) को भी सौंप दिया है, जो स्वतंत्र रूप से जांच कर अपनी रिपोर्ट सदन के समक्ष प्रस्तुत करेगी।
इस बीच एक अन्य प्रकरण का उल्लेख करते हुए स्पीकर ने बताया कि विपक्ष के सदस्य Jarnail Singh द्वारा सदन में असंसदीय और आपत्तिजनक भाषा के प्रयोग को लेकर भी आपत्ति दर्ज की गई है। स्पीकर ने कहा कि यह व्यवहार पूरी तरह निंदनीय है और सदन की मर्यादा के विपरीत है।
इस संबंध में भाजपा नेता Harish Khurana द्वारा दी गई शिकायत को भी चेयर की ओर से संबंधित समिति को सौंप दिया गया है, ताकि नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जा सके।
स्पीकर विजेंद्र गुप्ता ने स्पष्ट किया कि विधानसभा की गरिमा और संसदीय परंपराओं से कोई समझौता नहीं किया जाएगा, और सभी मामलों की जांच नियमों एवं प्रक्रियाओं के तहत निष्पक्ष रूप से की जाएगी।
अब आगे की कार्रवाई फॉरेंसिक रिपोर्ट और विशेषाधिकार समिति की सिफारिशों के आधार पर तय होगी।

