नई दिल्ली: दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) ने 5 अक्टूबर को शहरव्यापी प्रवर्तन अभियान के तहत सभी 12 जोनों में 31 ध्वस्तीकरण कार्रवाई कीं। भवन मानदंडों के उल्लंघन पर पांच संपत्तियां सील की गईं और सात ध्वस्तीकरण आदेश जारी किए गए।
एमसीडी के प्रेस एवं सूचना निदेशालय के अनुसार, अभियान खतरनाक भवनों, अनधिकृत निर्माण तथा दिल्ली मास्टर प्लान और भवन उप-विधियों के उल्लंघन के खिलाफ चलाया गया। निगम ने भवन मानदंडों का अनुपालन और जन सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कार्रवाई किए जाने की बात कही।
प्रमुख ध्वस्तीकरण कार्रवाई जनकपुरी, टैगोर गार्डन एक्सटेंशन, सरस्वती विहार, शालीमार बाग, शक्ति नगर, शकरपुर, घरौली एक्सटेंशन, सीलमपुर और संत नगर सहित विभिन्न क्षेत्रों में की गईं।
निगम ने बताया कि उसके अधिकार क्षेत्र में चिन्हित उल्लंघनों के खिलाफ निर्धारित नियमों और प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई की गई।
एमसीडी ने दोहराया कि अनधिकृत निर्माण और भवन मानदंडों का उल्लंघन स्वीकार नहीं किया जाएगा। क्षेत्रीय अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में कड़ी निगरानी बनाए रखने और दिल्ली मास्टर प्लान, भवन उप-विधियों तथा अन्य संबंधित नियमों के तहत आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
निगम के अनुसार, अनधिकृत निर्माण, खतरनाक भवनों और जन सुरक्षा के लिए जोखिम पैदा करने वाले अन्य उल्लंघनों के खिलाफ यह अभियान सभी 12 जोनों में जारी रहेगा।

