नई दिल्ली, 9 जून: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली सचिवालय में ओ-ज़ोन क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांवों और कॉलोनियों से जुड़े मुद्दों की समीक्षा के लिए एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की।
बैठक में मुख्यमंत्री ने दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) को निर्देश दिया कि वह ओ-ज़ोन क्षेत्र से संबंधित मामलों में माननीय उच्च न्यायालय के आदेशों के अनुरूप कार्रवाई सुनिश्चित करे।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि ओ-ज़ोन क्षेत्र में लगाए गए साइनबोर्डों पर लिखी गई भाषा की समीक्षा की जाए और न्यायालय की अनुशंसा प्राप्त करने के बाद आवश्यक संशोधन किए जाएं। इसका उद्देश्य क्षेत्र के निवासियों के बीच किसी भी प्रकार की भ्रम की स्थिति को समाप्त करना और सूचनाओं को अधिक स्पष्ट एवं पारदर्शी बनाना है।
बैठक में ओ-ज़ोन क्षेत्र में स्थित गांवों और कॉलोनियों से जुड़ी विभिन्न समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों ने क्षेत्र में लागू नियमों, न्यायालयीय निर्देशों और नागरिकों की चिंताओं से संबंधित जानकारी प्रस्तुत की।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि सरकार न्यायालय के निर्देशों का पूर्ण पालन करते हुए प्रभावित क्षेत्रों के निवासियों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि नागरिकों को स्पष्ट जानकारी उपलब्ध कराई जाए ताकि किसी प्रकार की गलतफहमी न हो।
बैठक में उत्तर-पूर्वी दिल्ली के सांसद मनोज तिवारी, दक्षिण दिल्ली के सांसद रामवीर सिंह बिधूड़ी, यमुनापार विकास बोर्ड के अध्यक्ष एवं विधायक अरविंदर सिंह लवली तथा संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
सरकार ने संकेत दिया है कि ओ-ज़ोन क्षेत्रों से जुड़े मुद्दों के समाधान के लिए आगे भी नियमित समीक्षा और विभागों के बीच समन्वय जारी रखा जाएगा, ताकि न्यायालय के निर्देशों का पालन करते हुए स्थानीय निवासियों की समस्याओं का समाधान किया जा सके।

