नई दिल्ली, 24 मई: दिल्ली पुलिस की आउटर नॉर्थ जिला एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वॉड (AATS) ने नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए बवाना इलाके में सक्रिय अंतरराज्यीय गांजा सप्लाई नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान 90.225 किलोग्राम गांजा बरामद कर मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान अब्दुल रहमान उर्फ बाबलू के रूप में हुई है, जो दिल्ली के गांव बवाना स्थित अपने घर से कथित तौर पर गांजे की सप्लाई कर रहा था।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, 20 मई 2026 को रोहिणी सेक्टर-11 स्थित AATS कार्यालय को गुप्त सूचना मिली थी कि आरोपी अब्दुल रहमान गांजा तस्करी में शामिल है और अपने घर से नशीले पदार्थों की सप्लाई करता है।
सूचना की पुष्टि करने के बाद NDPS एक्ट की धारा 41 और 42 के तहत कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई और वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में विशेष रेडिंग टीम गठित की गई।
21 मई को पुलिस टीम गुप्त सूचना के आधार पर बवाना गांव पहुंची। सुबह करीब 10:35 बजे आरोपी की पहचान कर उसे उसके घर के बाहर से हिरासत में लिया गया।
इसके बाद घर की तलाशी के दौरान एक कमरे में रखे डीप फ्रीजर के अंदर चार बोरियों में छिपाकर रखा गया गांजा बरामद किया गया।
फील्ड टेस्टिंग किट से जांच करने पर बरामद पदार्थ गांजा पाया गया। तौल करने पर कुल वजन 90.225 किलोग्राम निकला।
बरामदगी के बाद बवाना थाने में NDPS एक्ट की धारा 20 और 25 के तहत FIR नंबर 254/2026 दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने खुलासा किया कि वह कई वर्षों से अपने अन्य साथियों के साथ गांजा तस्करी में शामिल था।
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने बताया कि गांजा आंध्र प्रदेश-ओडिशा बॉर्डर इलाके से लाया जाता था और बाद में दिल्ली में अवैध रूप से सप्लाई किया जाता था।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी सीमापुरी और बवाना क्षेत्रों में सक्रिय स्थानीय ड्रग नेटवर्क और रिसीवरों को गांजा सप्लाई करता था।
दिल्ली पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार आरोपी के खिलाफ वर्ष 2017 में ओडिशा में भी NDPS एक्ट के तहत मामला दर्ज हो चुका है।
पुलिस ने कहा कि अंतरराज्यीय ड्रग नेटवर्क, सप्लाई चैन और इसमें शामिल अन्य आरोपियों की पहचान के लिए आगे की जांच जारी है।
आउटर नॉर्थ जिला के डीसीपी हरेश्वर स्वामी ने कहा कि दिल्ली पुलिस संगठित मादक पदार्थ तस्करी नेटवर्क के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है।

